रतलाम / सरवन। रतलाम जिले के सरवन थाना क्षेत्र में जियो कंपनी के टावर से केबल चोरी के मामले में सरवन पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए महज 24 घंटे के भीतर चोरी का खुलासा कर एक आरोपी को गिरफ्तार करने में सफलता हासिल की है। पुलिस की इस कार्रवाई से क्षेत्र में चोरी की वारदातों को अंजाम देने वाले लोगों में हड़कंप मच गया है।
पुलिस के अनुसार 7 अगस्त 2026 की रात करीब 2:24 बजे ग्राम भाटखेड़ी में मुकेश मईड़ा के खेत में लगे रिलायंस जियो कंपनी के टावर से संबंधित अलर्ट मैसेज टेक्नीशियन को प्राप्त हुआ। सूचना मिलते ही खेत मालिक मुकेश मईड़ा और उसका भाई रामलाल मईड़ा मौके पर पहुंचे। इसी दौरान उन्हें टावर के पास से संदिग्ध व्यक्ति केबल लेकर भागते हुए दिखाई दिए। दोनों भाइयों ने उनका पीछा भी किया, लेकिन रात के अंधेरे का फायदा उठाकर आरोपी मौके से फरार हो गए।
बाद में जियो कंपनी के टेक्नीशियन ने मौके पर पहुंचकर टावर का निरीक्षण किया तो केबल कटी हुई मिली। आसपास तलाश करने पर मौके से लावा कंपनी का ब्लैक कलर का कीपैड मोबाइल मिला। मोबाइल में वीआई कंपनी की सिम लगी हुई थी। पुलिस ने मोबाइल को अहम सुराग मानते हुए जांच आगे बढ़ाई।
FIR के अनुसार चोरी गई केबल की अनुमानित कीमत करीब 10 हजार रुपये बताई गई है। मामले में थाना सरवन पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता की धारा 303(2) के तहत प्रकरण दर्ज कर जांच शुरू की।
मामले को थाना प्रभारी अर्जुन सेमलिया ने गंभीरता से लेते हुए पुलिस टीम को तत्काल सक्रिय किया। पुलिस ने तकनीकी एवं अन्य सुरागों के आधार पर जांच को आगे बढ़ाया और कथित रूप से चोरी की वारदात में शामिल आरोपी तक पहुंचने में सफलता हासिल की।
पुलिस के अनुसार आरोपी की पहचान लक्ष्मण मईड़ा, उम्र करीब 19 वर्ष, निवासी ग्राम कपास्या, थाना सरवन के रूप में हुई है।
पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर मामले में पूछताछ की तथा उसे न्यायालय में पेश करने की कार्रवाई की गई।
पुलिस की इस त्वरित कार्रवाई से जहां क्षेत्र में पुलिस के प्रति विश्वास बढ़ा है वहीं चोरी की घटनाओं पर अंकुश लगाने को लेकर भी सरवन पुलिस की सक्रियता सामने आई है। मामले में फरार दूसरे आरोपी की भूमिका और चोरी की गई केबल की बरामदगी को लेकर पुलिस की जांच जारी है।
सरवन पुलिस की इस कार्रवाई में थाना प्रभारी अर्जुन सेमलिया के निर्देशन में जांच अधिकारी हेड कांस्टेबल कृपा शंकर कटियार सहित पुलिस टीम की भूमिका महत्वपूर्ण रही।
रिपोर्टर जितेन्द्र कुमावत