रतलाम / सैलाना
सोमवार को सैलाना नगर के मुख्य मार्ग पर अचानक एक विशाल नीम का पेड़ गिरने से अफरा-तफरी मच गई। हादसे में कई वाहन क्षतिग्रस्त हुए, जबकि पेड़ की चपेट में आने से सैलाना निवासी अरुण पिता राजेश राठौड़ (25 वर्ष) गंभीर रूप से घायल हो गया। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार घटना के बाद स्थानीय नागरिकों और जनप्रतिनिधियों ने तत्काल राहत कार्य शुरू किया तथा घायलों को उपचार के लिए शासकीय अस्पताल सैलाना पहुंचाया।
घटना के बाद नया मोड़ तब आया जब नगर परिषद सैलाना के एल्डरमैन नाथूलाल राठौड़ ने थाना सैलाना में आवेदन देकर ड्यूटी पर मौजूद डॉक्टर द्वारा उनके खिलाफ की गई शिकायत को झूठा और निराधार बताया। राठौड़ का आरोप है कि हादसे में उनका चचेरा भतीजा गंभीर रूप से घायल हुआ था और अस्पताल पहुंचने पर उन्हें समय पर चिकित्सकीय सुविधा उपलब्ध नहीं मिली, जिससे घायल की स्थिति को देखते हुए तत्काल निजी वाहन से उसे रतलाम रेफर करना पड़ा।
राठौड़ ने अपने आवेदन में दावा किया है कि अस्पताल में मौजूद डॉक्टर ने उनके साथ अभद्र भाषा मे बोला कि तेरे बाप का नौकर हूँ का प्रयोग किया और बाद में उनके विरुद्ध झूठी शिकायत दर्ज करा दी।
उन्होंने कहा कि घटना के समय अस्पताल परिसर में नगर के कई नागरिक, जनप्रतिनिधि और अन्य लोग मौजूद थे, जिन्होंने पूरी घटना को प्रत्यक्ष रूप से देखा है। उनके अनुसार उन्होंने किसी भी प्रकार का गलत व्यवहार नहीं किया, बल्कि उनका उद्देश्य केवल घायल को शीघ्र उपचार उपलब्ध कराना था।
एल्डरमैन ने यह भी बताया कि अस्पताल परिसर का मोबाइल वीडियो भी उपलब्ध है, जिससे पूरे घटनाक्रम की वास्तविक स्थिति स्पष्ट हो सकती है। उन्होंने पुलिस प्रशासन से मामले की निष्पक्ष जांच कर सत्य सामने लाने तथा झूठी शिकायत करने वालों के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई करने की मांग की है।
उधर, हादसे में गंभीर रूप से घायल अरुण राठौड़ को प्राथमिक उपचार के बाद रतलाम के निजी गीता देवी अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उसका उपचार अभी भी जारी है। अब यह मामला नगर में चर्चा का विषय बन गया है और लोगों की नजरें प्रशासन की जांच पर टिकी हुई हैं।
रिपोर्टर : जितेन्द्र कुमावत