रतलाम / रतलाम शहर में लगातार हो रही बारिश के बीच दीनदयाल नगर से ईश्वर नगर होते हुए सागोद रोड की ओर जाने वाला रेलवे अंडरपास इन दिनों लोगों के लिए बड़ी परेशानी और हादसे का खतरा बनता जा रहा है। मंगलवार को यहां हालात उस समय बेहद गंभीर हो गए जब अंडरपास के नीचे पानी और कीचड़ के कारण वाहनों की लंबी कतार लग गई। हालात इतने बिगड़ गए कि रेलवे ट्रैक से गुजर रही ट्रेन को भी धीमा होकर रुकना पड़ा। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार यदि ट्रेन समय रहते नहीं रुकती तो बड़ा हादसा हो सकता था।
स्थानीय निवासी प्रबंधक / एचआर विभाग
इण्डिया हेल्थ लाइन डॉ. पूनम कुमावत ने बताया कि वह मौके पर मौजूद थीं और उन्होंने पूरी घटना अपनी आंखों से देखी। उनके अनुसार अंडरपास में लंबे समय से पानी जमा हो रहा है। बारिश होने के बाद स्थिति और भी भयावह हो जाती है। पानी और कीचड़ के बीच से निकलने वाले ऑटो और दोपहिया वाहनों में पानी घुस रहा है जिससे लोगों के वाहन खराब होने के साथ ही उन्हें आर्थिक नुकसान भी उठाना पड़ रहा है।
डॉ. कुमावत के मुताबिक मंगलवार सुबह ट्रैफिक का दबाव इतना अधिक था कि वाहनों की कतार लग गई। स्कूल जाने वाले बच्चों के वाहन और ऑटो भी जाम में फंस गए और कई बच्चे देरी से स्कूल पहुंचे। इसी दौरान रेलवे क्रॉसिंग पर लगातार ट्रेनों की आवाजाही के कारण स्थिति और गंभीर हो गई। बताया गया कि एक ट्रेन को भी रुकना पड़ा क्योंकि नीचे की ओर यातायात और पानी की स्थिति सामान्य नहीं थी।
सबसे बड़ा सवाल यह है कि बारिश के पानी की निकासी के लिए रेलवे स्तर पर व्यवस्था होने के बावजूद पानी समय पर बाहर क्यों नहीं निकाला जा रहा है। प्रत्यक्षदर्शी के अनुसार पानी निकालने के लिए पंप और प्रेशर सिस्टम की जरूरत है तथा नियमित रूप से पानी की निकासी की जानी चाहिए।
उनका कहना है कि यदि समय रहते ड्रेनेज की व्यवस्था दुरुस्त कर दी जाए तो लोगों की आवाजाही भी सुचारू रह सकती है और रेलवे ट्रैक पर किसी संभावित हादसे का खतरा भी कम किया जा सकता है।
सागोद रोड का मुख्य पुल भी बाधित, लोगों के सामने यही रास्ता बचा
दीनदयाल नगर, ईश्वर नगर और आसपास की कॉलोनियों से बड़ी संख्या में लोग सागोद रोड की ओर इसी मार्ग का उपयोग करते हैं। सागोद रोड का मुख्य पुल निर्माण कार्य के चलते बाधित है।
ऐसे में लोगों के सामने आने-जाने के लिए यह मार्ग बेहद महत्वपूर्ण हो गया है। दूसरा रास्ता लेने पर लोगों को काफी लंबा चक्कर लगाना पड़ता है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि करीब एक महीने से अंडरपास में पानी भरने की समस्या बनी हुई है। बारिश बढ़ने के साथ यह समस्या और गंभीर होती जा रही है। लोगों की मांग है कि रेलवे प्रशासन तत्काल पानी की निकासी करवाए और अंडरपास को सुरक्षित बनाया जाए।
सुबह का समय सबसे ज्यादा संवेदनशील
सुबह के समय इस मार्ग पर स्कूल जाने वाले बच्चों के वाहन ऑटो रिक्शा दोपहिया वाहन और नौकरीपेशा लोगों की आवाजाही अधिक रहती है। ऐसे में पानी की वजह से रास्ता बाधित होना लोगों के लिए रोजाना परेशानी का कारण बन रहा है। वहीं रेलवे ट्रैक के आसपास यातायात का दबाव बढ़ने से किसी भी समय गंभीर स्थिति निर्मित होने की आशंका बनी हुई है।
प्रत्यक्षदर्शी ने रेलवे प्रशासन से मांग की है कि मामले को गंभीरता से लेते हुए तत्काल मौके का निरीक्षण किया जाए और पानी की निकासी की स्थायी व्यवस्था की जाए। बारिश का दौर जारी रहने के कारण यदि समय रहते कार्रवाई नहीं की गई तो आने वाले दिनों में समस्या और विकराल हो सकती है।
अब देखने वाली बात यह होगी कि रेलवे मंडल इस गंभीर जनसमस्या पर कब संज्ञान लेता है और पानी की निकासी तथा सुरक्षित आवागमन के लिए क्या ठोस कदम उठाता है।
रिपोर्टर जितेन्द्र कुमावत